रिपोर्ट- नवीन गौतम/ अहमद सुहैल
हापुड। उपाध्यक्ष, हापुड - पिलखुवा विकास प्राधिकरण द्वारा अवैध निर्माणों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही किये जाने के निर्देशों के क्रम में आज दिनांक 18/10/2022 को हापुड़ विकास क्षेत्र में श्री सत्येन्द्र सागर, सक्षम अधिकारी / वित्त नियंत्रक व श्री प्रमोद कुमार शर्मा, अधिशासी अभियन्ता, एच०पी०डी०ए० के दिशा निर्देशन में एवं मजिस्ट्रेट श्री पुष्पाकर, नायब तहसीलदार, हापुड़ की उपस्थिति एवं पुलिस बल थाना कोतवाली, सहयोग से अवैध विकास / निर्माण के विरूद्ध 02 प्रकरणों मे ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गयी है। हापुड़ के इस कार्यवाही में रिछपाल सिंह द्वारा ग्राम निजामपुर में रोडवाईडिंग एवं ग्रीनवेल्ट की भूमि लगभग 400 वर्ग मी0 पर निर्मित / निर्माणाधीन व्यवसायिक निर्माण को ध्वस्त किये जाने तथा ग्राम अच्छेजा मे श्री गौरव त्यागी व श्री अंकित त्यागी द्वारा एन०एच० पर संचालित ढावे परिसर में स्थाई निर्माण को ध्वस्त किये जाने की
हापुड। उपाध्यक्ष, हापुड - पिलखुवा विकास प्राधिकरण द्वारा अवैध निर्माणों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही किये जाने के निर्देशों के क्रम में आज दिनांक 18/10/2022 को हापुड़ विकास क्षेत्र में श्री सत्येन्द्र सागर, सक्षम अधिकारी / वित्त नियंत्रक व श्री प्रमोद कुमार शर्मा, अधिशासी अभियन्ता, एच०पी०डी०ए० के दिशा निर्देशन में एवं मजिस्ट्रेट श्री पुष्पाकर, नायब तहसीलदार, हापुड़ की उपस्थिति एवं पुलिस बल थाना कोतवाली, सहयोग से अवैध विकास / निर्माण के विरूद्ध 02 प्रकरणों मे ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गयी है। हापुड़ के इस कार्यवाही में रिछपाल सिंह द्वारा ग्राम निजामपुर में रोडवाईडिंग एवं ग्रीनवेल्ट की भूमि लगभग 400 वर्ग मी0 पर निर्मित / निर्माणाधीन व्यवसायिक निर्माण को ध्वस्त किये जाने तथा ग्राम अच्छेजा मे श्री गौरव त्यागी व श्री अंकित त्यागी द्वारा एन०एच० पर संचालित ढावे परिसर में स्थाई निर्माण को ध्वस्त किये जाने की
कार्यवाही की गयी तथा अस्थाई निर्माण को हटाने हेतु विपक्षी द्वारा दो दिन के अन्दर स्वयं हटाने की लिखित सहमति दी गयी।
इस अभियान में अवर अभियन्ता श्री देशपाल सिंह, श्री वीरेश राणा, श्री नीरज शर्मा, श्री राकेश सिंह तोमर, श्री अंगद सिंह, श्री पीयूष जैन व प्राधिकरण का सचल दस्ता सम्मिलित थे। उपाध्यक्ष, हापुड़ पिलखुवा विकास प्राधिकरण द्वारा अवैध निर्माणकर्ताओं को पुनः चेतावनी दी जाती है कि वह अवैध कालोनी / विकास / निर्माण को तत्काल रोककर प्राधिकरण से मानचित्र स्वीकृत कराकर ही विकास / निर्माण करें, अन्यथा प्राधिकरण द्वारा ध्वस्तीकरण व सीलिंग की कार्यवाही करने के साथ-साथ ऐसे अवैध निर्माणकर्ताओं के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्यवाही की जायेगी।


