- बीएमपी ने की जुनैद और नासिर की हत्यारोपियों पर सख्त कार्यवाही की मांग
- गौ रक्षकों के भेष में शातिर अपराधियों को संरक्षण देने वाली सरकारों को तत्काल बर्खास्त किया जाए।
By - नवीन गौतम/अहमद सुहैल
हापुड। बहुजन क्रांति मोर्चा, बहुजन मुक्ति पार्टी व राष्ट्रीय मूलनिवासी महिला संघ के कार्यकर्ताओं ने महामहिम राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन के माध्यम से बताया कि राजस्थान के भरतपुर जिले के जुनैद और नासिर की जघन्य हत्या में शामिल आरोपियों के विरुद्ध सख्त विधिक कार्यवाही करने की मांग करते हुए किस्मत करो बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव एडवोकेट मुकेश कुमार ने कहा कि 15 फरवरी को जुनैद और नासिर जो राजस्थान के भरतपुर जिले के घाटमीका गांव के रहने वाले थें।
ये दोनों हरियाणा में अपने ससुराल शादी में निजी वाहन बोलेरो से गए हुए थे, वापस लौटते समय हरियाणा के गोपालगढ़ थाना के अंतर्गत गांव पीरुका में बजरंग दल के गुंडों और क्राईम इन्वेस्टिगेशन एजेंसी सीआईए हरियाणा पुलिस ने उनकी गाड़ी को टक्कर मारकर रोक लिया और जुनैद व नासिर की बड़ी बेरहमी के साथ पिटाई की जब तक कि वे मरणासन्न हो गए। उसके बाद फिरोजपुर झिरका पुलिस स्टेशन ले गए। वहां एसएचओ ने लेने से इनकार किया, जबकि एसएचओ को बजरंग दल के गुंडों को तत्काल गिरफ्तार करके जुनैद और नासिर को प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल भर्ती कराना चाहिए था। लेकिन हरियाणा पुलिस गौ रक्षकों की रक्षा करते हुए नजर आई। इसके विपरीत, मरणासन्न जुनैद व नासिर को बजरंग दल के गुंडों और सीआईए को ही सुपुर्द कर दिया। जुनैद की वहीं मौत हो चुकी थी और ऐसी स्थिति में लाशों को ठिकाने लगाकर हत्या के साक्ष्य मिटाने के लिए कि आरोप ना आए इसलिए हरियाणा पुलिस और बजरंग दल के गुंडों ने मिलकर फिरोजपुर झिरका के जंगल में उनकी ही बोलेरो गाड़ी में सीट बेल्ट से बांधकर जिंदा जलाकर हत्या कर दी।
यह अत्यंत अमानवीय एवं भयावह घटना है। जुनैद और नासिर के परिवार को न्याय दिलाने के लिए बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव एडवोकेट मुकेश कुमार व राष्ट्रीय मूलनिवासी महिला संघ की जिलाअध्यक्ष गीता पैट्रिक आदि कार्यकर्ताओं ने निम्न मांग करते हुए कहा हत्या की घटना में मोनू मानेसर, रिंकू सैनी, श्रीकांत, अनिल, कालू किशोर, विकास सहित दर्जन भर बजरंग दल के शामिल कार्यकर्ताओं पर फास्ट ट्रैक कोर्ट का गठन कर दोषियों को इस जघन्य अपराध के लिए फांसी की सजा दी जाए। नासिर और जुनैद की हत्या में हरियाणा की सीआईए यानि हरियाणा पुलिस शामिल रही है। इसके प्रत्यक्ष सबूत हैं। अत्तर हरियाणा सीआईए के पुलिसकर्मियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर उन्हें तत्काल पुलिस सेवा से बर्खास्त किया जाए। जुनैद और नासिर अपने परिवार मुखिया थें। ऐसी स्थिति में परिवार के भरण-पोषण एवं उनकी आजीविका के लिए मृतक परिवार के आश्रितों को 5 करोड़ का मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को नौकरी दी जाए।
इस तरह की अपराधिक प्रवृत्ति की सोच पैदा करने वाले एवं राष्ट्र की एकता और अखंडता को खंडित करने व सामाजिक ताने-बाने को छिन्न-भिन्न करने वाले बजरंग दल जैसे देश के विभाजनकारी संगठनों पर तत्काल पाबंदी लगायीं जाए।
देशभर में धार्मिक आधार पर अल्पसंख्यकों (मुस्लिम, सिख, क्रिश्चियन, लिंगायत और बौद्धों) पर हो रहे सांप्रदायिक अन्याय अत्याचार को रोकने के लिए कम्युनल प्रीवेंशन एक्ट तत्काल बनाया जाए। हरियाणा व राजस्थान की इस तरह के जघन्य अपराध को अंजाम देने वाले गौ रक्षकों के भेष में शातिर अपराधियों को संरक्षण देने वाली सरकारों को तत्काल बर्खास्त किया जाए। उन्होंने कहा कि जुनैद और नासिर के जघन्य हत्या के मुख्य आरोपियों पर हरियाणा और राजस्थान सरकार के द्वारा त्वरित सख्त विधिक कार्यवाही अगर नहीं किया जाता है तो इस घटना को लेकर बहुजन मुक्ति पार्टी हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में न्याय के लिए हरियाणा और राजस्थान सरकार पर केस करेंग। इस मौके पर बहुजन मुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव एडवोकेट मुकेश कुमार, राष्ट्रीय मूलनिवासी महिला संघ की जिलाअध्यक्ष गीता पैट्रिक, चंचल, मिथिलेश रानी सहित आदि लोग मौजूद रहे।


