हापुड़। पूर्व माध्यमिक विद्यालय पीरनगर सुदाना में 77वां गणतंत्र दिवस बड़े ही उत्साह और उमंग के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय के छात्र-छात्राओं, शिक्षकों, ग्रामवासियों और जनपद हापुड़ से आए गणमान्य अतिथियों ने तिरंगे को नमन किया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण नन्हे-मुन्ने बच्चों द्वारा प्रस्तुत रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम रहे, जिन्होंने अपनी प्रस्तुतियों से सभी का मन मोह लिया।
स्वराज के संकल्प की याद दिलाता है 26 जनवरी
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित महिला जागृति फाउंडेशन की राष्ट्रीय अध्यक्षा गीता पैट्रिक ने तिरंगा फहराने के बाद जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए बताया कि 26 जनवरी का दिन इसलिए चुना गया क्योंकि इसी दिन 1930 में लाहौर अधिवेशन में 'पूर्ण स्वराज' की घोषणा की गई थी। उन्होंने कहा कि हमारा संविधान, जिसे बनने में 2 वर्ष 11 माह और 18 दिन लगे, वह केवल एक दस्तावेज नहीं बल्कि हमारे अधिकारों और कर्तव्यों की आधारशिला है।
अपने संबोधन में गीता पैट्रिक ने सामाजिक मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखी। उन्होंने कहा, देश को आजाद हुए 77 वर्ष बीत चुके हैं, लेकिन आज भी हमारा समाज पुरुष प्रधान है और महिलाओं के साथ भेदभाव जारी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि देश किसी नेता या सरकार से नहीं, बल्कि संविधान और जागरूक जनता से चलता है। उन्होंने उपस्थित लोगों से अपील की कि वे संविधान में निहित न्याय, स्वतंत्रता और समानता के मूल्यों को आत्मसात करें।
लोकतांत्रिक मूल्यों की शपथ के साथ समापन
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने देश की एकता और अखंडता को बनाए रखने तथा एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपनी भूमिका निभाने की शपथ ली। इस दौरान स्कूल के अध्यापक और गांव के सम्मानित लोग बड़ी संख्या में मौजूद रहे।



